जीविका दीदियों कि नर्सरी से पौधा खरीदेगी बिहार सरकार।हर प्रखंड में होगा एक नर्सरी।

Share on facebook
Share on twitter
Share on whatsapp
Share on linkedin
Share on telegram

न्यूज डेस्क:-राज्य के हर प्रखंड में अब एक नर्सरी की स्थापना की जाएगी इन नर्सरीओं को तैयार करने से लेकर उनके रखरखाव का जिम्मा जीविका दीदियां संभालेंगी। बिहार के कुल 534 प्रखंडों में से 251 प्रखंडों में जीविका के जरिए पर्यावरण वन एवं जलवायु प्रवर्तन विभाग नर्सरी तैयार कराएगा। जबकि बाकी बचे प्रखंडों में भी नर्सरी तो जीविका के जरिए ही तैयार किया जाएगा मगर उसका खर्च ग्रामीण विकास विभाग मनरेगा के जरिए उठाएगा।

20 हजार पौधों की क्षमता वाली नर्सरी विकसित

हर प्रखंड में करीब 20 हजार पौधों की क्षमता वाली नर्सरी विकसित की जाएगी राज्य में बीते सालों में पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग नर्सरी तैयार करता रहा है जबकि कुछ को विभाग किसानों के जरिए तैयार कराता था। मगर बीते साल एक नया प्रयोग किया गया था विभाग ने करीब 200 स्थानों पर नर्सरी तैयार करने का जिम्मा जीविका दीदियों को दिया था जिसे समय पर पूरा कर लिया गया था। पिछले साल के प्रयोग को अब लागू करने की तैयारी राज्य सरकार कर रही है।

जीविका को नर्सरी सिर्फ 6 माह के लिए दी गई थी इतनी अवधि में पौधे पौधारोपण लायक तैयार नहीं हो सके थे इसलिए इन नर्सरीओं में तैयार पौधों को वन विभाग ने अपनी नर्सरीओं में शिफ्ट कर लिया था।अब बिहार के सभी 534 प्रखंडों में जीविका के जरिए नर्सरी तैयार कराई जाएगी। पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग ने इस बार जीविका को 251 नर्सरीओं की जिम्मेदारी सौंपी है। जीविका दीदियों द्वारा पिछले साल के तैयार पौधे तो इस साल के पौधारोपण के महा अभियानों में प्रयोग में लाए जाएंगे।बता दें कि राज्य में इस बार 5 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है।

राज्य का हरित आवरण बढ़ाने के प्रयास तेजी से चल रहे हैं। हर साल पौधारोपण पहले से बढ़ाकर लक्ष्य तय किए जा रहे हैं ऐसे में हर कोने तक पौधे पहुंचाने में भी खास कवायद करनी पड़ रही है। हर प्रखंड में 1 या उससे अधिक नर्सरी होने की स्थिति में परेशानी भी खत्म हो जाएगी हर प्रखंड में पौधों की उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी। जीविका दीदियों को पहले कम समय के लिए नर्सरी सौंपे जाने के कारण वहां तैयार पौधों को स्थानांतरित करना पड़ा।

अब सरकार इस बात पर भी विचार कर रही है कि जीविका को नर्सरी सौंपने की अवधि को बढ़ाकर सवा साल या डेढ़ साल किया जाए इतनी अवधि में पौधे तैयार हो जाएंगे फिर उन्हें सीधे पौधारोपण के लिए प्रयोग में लाया जा सकेगा। राज्य में इस बार 5 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है जिससे मिशन 5.0 नाम दिया गया है इसकी शुरुआत 5 जून से की जाएगी जबकि अबकी बार तैयार होने वाले पौधों को वर्ष 2022 में होने वाले पौधारोपण अभियान में प्रयोग किया जाएगा।

FOLLOW US

POPULAR NOW

RELATED